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स्वास्थ्य

गंभीर कैंसर रोगियों का दर्द कम करती है पैलिएटिव थैरेपी

Thursday, April 18, 2019 12:35 PM
(कॉन्सेप्ट फोटो)

जयपुर। कैंसर एक घातक व दिल दहला देने वाली जानलेवा बीमारी है। दुनिया भर में होने वाली छह में से एक व्यक्ति की मौत का कारण कैंसर है। अब नई तकनीकों से कैंसर का इलाज आसान हो गया है। ऐसी ही नई इलाज तकनीक है पैलिएटिव थैरेपी। इससे कैंसर की अंतिम स्थिति में से स्टेज-4 वाले मरीज भी दर्द रहित खुशहाल जिंदगी जी सकते हैं। साथ ही मरीज की सर्वाइकल रेट भी बढ़ जाती है। फोर्टिस हॉस्पिटल के वरिष्ठ कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. दिवेश गोयल ने बताया कि स्टेज-4 (मेटास्टिक कैंसर) के ऐसे कैंसर रोगी जिनकी बीमारी बढ़ती जा रही है, रोग शरीर के दूसरे हिस्सों में फैलने लगता है।

रोगी की ज्यादा उम्र है और उन्हें कीमो नहीं दे सकते, दवाईयां भी असर नहीं करती और अन्य इलाज थैरेपी भी काम नहीं आ सकती, उन मरीजों के लिए पेलिएटिव थैरेपी कारगर है। हालांकि इससे मरीज को पूरी तरह ठीक तो नहीं किया जा सकता, मगर उसकी बची जिंदगी को खुशहाल बनाया जा सकता है।

तकलीफ के साथ, खर्च भी कम
डॉ. गोयल ने बताया कि पैलिएटिव ट्रीटमेंट रोग के लक्षणों को नियंत्रित करते हुए दर्द तो कम करता ही ही, साथ ही इलाज के खर्च पर भी कुछ हद तक काबू करता है। इसमें कुछ ओरल कीमो देते हैं। इसमें दवाईयां व लिक्विड शामिल होते हैं। वहीं कुछ खास दर्द निवारक दवाएं देकर मरीज की पीड़ा को कम किया जाता है। कैंसर प्रभावित क्षेत्र में इंजेक्शन के जरिए दवा देकर ब्लॉक किया जाता है। जरूरत के अनुसार कुछ दवाओं को मिश्रण के रुप में देते हैं ताकि बीमारी पर असर जल्दी हो। इस तकनीक से इलाज में रोगी को आराम तो मिलता ही है, साथ ही उसका दर्द भी कम हो जाता है और वह कैंसर की गंभीर अवस्था में भी आरामदायक जीवन जी पाता है।

एडवांस स्टेज में बेहतर
विशेषज्ञ मानते हैं कि एडवांस स्टेज वाले कैंसर रोगियों में कीमोथैरेपी का अधिक असर नहीं होता है। एडवांस कैंसर में मरीज के शरीर में सख्त गांठे बन जाती हैं और कमजोरी के चलते कीमो असर नहीं करती। ऐसे में पेलिएटिव थैरेपी ही कारगर है।

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