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Friday 17th of September 2021
 
स्वास्थ्य

एक्मो जैसी तकनीक व दुर्लभ जी हॉस्पिटल के अनुभवी डाक्टरों ने किया कारनामा

Friday, August 27, 2021 16:25 PM
जीत का जश्न मनाते डॉक्टर।

जयपुर। 30 जुलाई को रात 12 बजे हॉस्पिटल की ईमजेन्सी में सीकर निवासी 30 वर्षीय राज रतन (परिवर्तीत नाम) को डॉ. बी. के. मालपानी विभागाध्यक्ष जनरल मेडिसिन के अन्डर भर्ती किया गया देखने पर पता लगा की मरीज की हालत गंभीर थी। परिजनों से पूछने पर पता चला की युवक ने सेल्फॉस की गोलिया खा ली है। डॉ. बी. के. मालपानी ने बताया की मरीज को चैक करने पर पता लगा की मरीज का हार्ट मात्र 10 प्रतिषत काम कर रहा है व उसका ब्लड प्रेषर 50 ही है। मरीज की धडकन भी अनियत्रिंत है।  इन सबको देखते हुये मरीज को तुरंत ही अस्पताल के सीटीवीएस सर्जरी के विभागाध्यक्ष डॉ. नीरज शर्मा के निर्देषन में एक्सपर्ट डॉक्टर्स के द्वारा मरीज के हार्ट व लग्सं को एक्मो मषीन पर ले लिया गया। जिससे उसके हार्ट व लग्सं का काम अब मषीन करने लगी तो मरीज को आधुनिक तकनीक के सहारे जीवन मिलता रहा।
डॉ. नीरज शर्मा सी.टी.वी.एस. सर्जन दुर्लभ जी हॉस्पिटल ने बताया की अब हमने मरीज की धड़कन को नियत्रिंत करने के लिए उसे डीसी शॉक देना प्रारम्भ किया व करीब हमने उसे 180 के लगभग शॉक दिये। जिससे उसकी धडकन पर नियत्रंण किया जा सका।


डॉ. नीरज ने बताया की रात 12 बजे से लेकर सुबह तक 5-6 डॉक्टर्स की टीम मरीज का जीवन बचाने के लिए प्रयास करती रही व उनके इस प्रयास को सफलता मिली। जिसमे प्रमुख रुप से डॉ. निखिल अजमेरा, डॉ. मुकेष रुण्ड़ला, डॉ. पियुष मित्तल, आदि का सहयोग रहा। तकनीक के बारे में बताते हुये डॉ. नीरज ने बताया की हमने मरीज को एक्मो, सीपीआर व इलेक्ट्रीक शॉक के तकनीकी कॉम्बीनेषन के द्वारा बचाया यह सब तकनीक सेल्फॉस जैसे जहर जो की हार्ट को कमजोर करता है। इनमे यह बहुत उपयोगी साबित होती है। इनके द्वारा हार्ट व लग्स को मषीन पर लेकर उन्हे डेड होने से बचाया जाता है, फिर सीपीआर व इलेकट्रीक शॉंक देकर बचाया गया। अब मरीज पूर्णरुप से स्वस्थ है।


ऐसे मरीजों के बारे में बात करते हुये डॉ. नीरज ने बताया की इनको अस्पताल लाते समय करवट से लेटाकर लाना चाहिये व जितना ज्यादा हो सके उल्टी करवा देनी चाहिये व रास्ते में कुछ खिलाना पीलाना नहीं चाहिये। व तुरंत ही जीतना जल्दी हो सके हॉस्पिटल ले आना चाहिये क्योंकी शुरुआती 6 घंटे इनके लिए गोल्डन पिरीयड होता है।

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