Dainik Navajyoti Logo
Sunday 18th of April 2021
 
बिज़नेस

आम आदमी को राहत, छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में कटौती का फैसला सरकार ने लिया वापस

Thursday, April 01, 2021 11:25 AM
निर्मला सीतारमण (फाइल फोटो)

नई दिल्ली। छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में की गई भारी कटौती के फैसले से पलटते हुए सरकार ने गुरुवार को कहा कि इन योजनाओं पर पहले की तरह ब्याज मिलता रहेगा। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को इसको लेकर एक ट्वीट करते हुए कहा कि वर्ष 2020-21 की अंतिम तिमाही में छोटी बचत योजनाओं पर जिन दरों से ब्याज मिल रहा था, वहीं ब्याज दरें वर्ष 2021-22 की पहली तिमाही में भी जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि ब्याज दरों में कटौती को लेकर जो आदेश जारी किए गए थे, उसे वापस लिया जा रहा है और इन पर पहले की तरह ब्याज मिलता रहेगा। वित्त मंत्रालय इन योजनाओं पर हर तिमाही ब्याज दरों की घोषणा करता है।

उल्लेखनीय है कि सरकार ने छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में आधी फीसदी से लेकर 1 फीसदी तक की कटौती करने का निर्णय लिया था, जिससे पीपीएफ पर ब्याज दर 46 साल के निचले स्तर पर आ गया था। इस पर 46 साल में पहली बार ब्याज दर 7 फीसदी से नीचे 6.4 प्रतिशत पर आ गया था। इसी तरह से राष्ट्रीय बचत प्रमाण पत्र पर भी ब्याज दर को 6.8 फीसदी से कम कर 5.9 फीसदी कर दिया गया था। इसके साथ ही सुकन्या समृद्धि योजना पर भी ब्याज दर को 7.6 प्रतिशत से कम कर 6.9 प्रतिशत कर दिया गया था। वरिष्ठ नागरिकों की बचत योजनाओं पर भी ब्याज दरों को 7.4 प्रतिशत से घटाकर 6.5 प्रतिशत कर दिया गया था। किसान विकास पत्र पर भी ब्याज दर को 6.9 फीसदी से घटाकर 6.2 प्रतिशत कर दिया गया था। डाकघर बचत योजना पर ब्याज दर को चार प्रतिशत से कम कर 3.5 प्रतिशत कर दिया गया था।

यह भी पढ़ें:

सरकार ने गेहूं पर सीमा शुल्क बढ़ाकर 40 प्रतिशत किया

सरकार ने गेहूं पर सीमा शुल्क 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया है। इस कदम का मकसद आयात पर अंकुश लगाना और घरेलू उत्पादकों के हितों को संरक्षण प्रदान करना है।

29/04/2019

लॉकडाउन में अरबपतियों की संपत्ति 35 फीसदी बढ़ी, 13.8 करोड़ गरीबों को मिल सकते हैं 94 हजार रुपए

वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के कारण लागू लॉकडाउन ने कई देशों की अर्थव्यवस्था को पूरी तरह से पटरी से उतार दिया है। अब एक बार फिर सभी देश अपनी अर्थव्यवस्था को सुधारने में लगे हैं। इस बीच गरीबी उन्मूलन के लिए काम करने वाली संस्था ओक्सफैम ने अपनी एक रिपोर्ट में कहा बताया गया है कि कोरोना महामारी के दौर में अमीर लोग और ज्यादा अमीर हो रहे हैं, जबकि अरबों लोगों को इससे उबरने में वर्षों लग सकते हैं।

25/01/2021

शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स 506 अंक उछला, निफ्टी 140 अंक की बढ़त लेकर 13 हजार के पार

विदेशी बाजारों से मिले मजबूत संकेतों के बीच रियलिटी, आईटी और टेक कंपनियों में हुई जबरदस्त लिवाली के दम पर घरेलू शेयर बाजार एक फीसदी से अधिक की छलांग लगाकर बंद हुए। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 505.72 अंक की तेजी में 44,655.44 अंक और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 140.10 अंक की बढ़त के साथ 13,109.05 अंक पर बंद हुआ।

01/12/2020

पूर्व RBI गवर्नर रघुराम राजन ने कहा- देश में मंदी, सारी शक्तियां PMO के पास रखना ठीक नहीं

आरबीआई के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने कहा है कि भारतीय अर्थव्यवस्था सुस्ती के चंगुल में फंसी है। उन्होंने कहा कि देश में सत्ता का बहुत ज्यादा केंद्रीकरण हो गया है, जहां पीएमओ के पास ही सारी शक्तियां हैं, उनके मंत्रियों के पास कोई अधिकार नहीं हैं।

08/12/2019

ई-कॉमर्स में मिलेगा दस लाख लोगों को रोजगार

वित्त एवं कंपनी मामलों के केन्द्रीय राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने बुधवार को कहा कि देश में जिस तेजी से ई-कॉमर्स कारोबार बढ़ रहा है उसके वर्ष 2022 तक बढ़कर 100 अरब डॉलर पर पहुंचने और उस समय तक इसमें 10 लाख लोगों को रोजगार मिलने का अनुमान है।

01/08/2019

RBI ने नीतिगत दरों में नहीं किया बदलाव, अगले वित्त वर्ष में विकास दर 10.5 फीसदी रहने का अनुमान

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की मौद्रिक नीति समिति ने महंगाई को लक्षित दायरे में आने का हवाला देते हुए कोरोना वायरस से प्रभावित अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के उद्देश्य से नीतिगत दरों में कोई बदलाव नहीं करने का निर्णय लिया है।

05/02/2021

कृषि और पिछड़े क्षेत्र के विकास पर भी ध्यान दें कारपोरेट : गडकरी

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने औद्योगिक घरानों से देश के समग्र विकास के लिए औद्योगिक क्षेत्र की प्रगति के साथ ही कृषि क्षेत्र और पिछड़े इलाकों के विकास के लिए भी काम करने का आग्रह किया है।

15/06/2019