Dainik Navajyoti Logo
Thursday 19th of September 2019
खेल

वैभव बने राजसमंद जिला क्रिकेट संघ के कोषाध्यक्ष, लड़ सकते हैं RCA अध्यक्ष का चुनाव

Wednesday, September 11, 2019 11:00 AM
वैभव गहलोत (फाइल फोटो)

जयपुर। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के राजस्थान क्रिकेट संघ से 6 सितंबर को प्रतिबंध हटाते ही यहां चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई। इसी के चलते सोमवार को राजसमंद में हुए चुनाव में राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के पुत्र वैभव गहलोत को कोषाध्यक्ष चुन लिया गया। वर्तमान में राजसमंद के अध्यक्ष डॉ. सीपी जोशी आरसीए के अध्यक्ष हैं।

राजसमंद जिला क्रिकेट संघ के सचिव गिरिराज सनाढ्य ने दैनिक नवज्योति को बताया कि राजसमंद के चुनाव 10 सितंबर 2017 को हुए थे। प्रदीप पालीवाल का जुलाई में निधन होने के कारण कोषाध्यक्ष पद खाली चल रहा था। इसलिए शनिवार को कार्यकारिणी के शेष कार्यकाल के लिए कोषाध्यक्ष पद पर चुनाव करवाया गया। वैभव गहलोत को निर्विरोध शेष कार्यकाल के लिए कोषाध्यक्ष चुन लिया गया। सनाढ्य ने बताया कि इस चुनाव में राजस्थान क्रिकेट संघ से महेन्द्र शर्मा और जिला क्रीड़ा परिषद की ओर से चांद खां पठान एवं रजिस्ट्रार की ओर से उप रजिस्ट्रार पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद थे।

वैभव के आरसीए में आने के रास्ते खुले
पिछले पांच साल से विवादों का पर्याय बन चुकी राजस्थान क्रिकेट संघ के इसी माह होने वाले चुनाव राजनेताओं के आने से काफी सुर्खियों में आ गए। राजसमंद जिला क्रिकेट संघ के कोषाध्यक्ष चुने जाने के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के पुत्र वैभव गहलोत के भी आरसीए में जाने के रास्ते खुल गए। सूत्रों के अनुसार वैभव अब राजस्थान क्रिकेट संघ के इसी माह 28 सितंबर से पूर्व होने वाले चुनाव में अध्यक्ष पद के उम्मीदवार हो सकते हैं।

अध्यक्ष सीपी जोशी ने आरसीए से प्रतिबंध हटने की जानकारी देते हुए संवाददाताओं से कहा था कि उनका काम पूरा हो गया। मैं अब चुनाव नहीं लडूंगा। वही आरएस नांदू गुट के रामेश्वर डूडी भी पिछले दिनों कह चुके है कि यदि वैभव गहलोत आरसीए में चुनाव लडते है तो हम उन्हें निर्विरोध लाएंगे। वैभव के पिछले दिनों जोधपुर से आने की चर्चाएं थी। उसके लिए जोधपुर जिला क्रिकेट संघ की कार्यकारिणी को रजिस्ट्रार ने भंग कर राजस्थान रॉयल्स के पूर्व उपाध्यक्ष राजीव खन्ना को कंवीनर बनाया था। लेकिन दूसरे दिन ही हाइकोर्ट ने तदर्थ समिति के गठन पर स्टे लगा दिया। इसके बाद चर्चा थी कि वैभव गहलोत को किसी अन्य जिले से आॅफिर बियेरर के रूप में लाया जाएगा, जिससे वह आरसीए का चुनाव लड़ने के लिए योग्य हो जाएं।

नए संविधान से बाहरी व्यक्ति होंगे आउट
आरसीए के नए संविधान में मुख्य बदलाव जो किया गया है उससे यह साफ हो गया कि अब बाहरी व्यक्ति आरसीए का चुनाव लड़ने के लिए योग्य नहीं होगा। इसके लिए वह राजस्थान का डोमिसाइल हो। इसके लिए जरूरी है कि वह कम से कम दस वर्ष से राजस्थान में रह रहा हो और उसका राज्य में वोटर लिस्ट में नाम हो। संविधान में इस बदलाव से ललित मोदी के पुत्र रुचिर मोदी सहित अन्य कोई भी बाहरी व्यक्ति चुनाव नहीं लड पाएंगे। इस तरह वैभव के राजस्थान क्रिकेट संघ में आने के सभी रास्ते साफ हो गए है। उनके आरसीए में आने पर यह माना जा रहा है कि आरसीए में पिछले पांच साल से चल रहा गतिरोध समाप्त हो जाएगा और राजस्थान की क्रिकेट पटरी पर आ सकेगी।

जिला क्रिकेट संघ की कार्यकारिणी
डॉ. सीपी जोशी (अध्यक्ष), गिरिराज सनाढ्य (सचिव), वैभव गहलोत (कोषाध्यक्ष), सुनील तापड़िया (वरिष्ठ उपाध्यक्ष), परमानंद सनाढ्य, प्रदीप तेलंग व जयदेव कच्छावा (उपाध्यक्ष), अशोक टांक (सह कोषाध्यक्ष), जगदीश टांक, अरविंद नंदवाना, लवेश मादरेचा व मौजम हुसैन (सह-सचिव), मुकेश पालीवाल (आयोजन सचिव), संदीप पालीवाल (कार्यक्रम निदेशक), राजेश जोशी (तकनीकी सलाहकार) व घनश्याम पालीवाल (मिडिया प्रभारी) और फतेहलाल, अर्जुन, ललित व अनिल (सदस्य)।