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Tuesday 24th of September 2019
जयपुर

पूर्व वित्तमंत्री चिदंबरम की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज, फैसले के खिलाफ पहुंचे सुप्रीम कोर्ट

Tuesday, August 20, 2019 15:30 PM
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व पूर्व वित्तमंत्री पी चिदंबरम (फाइल फोटो)

नई दिल्ली। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी चिदम्बरम को मंगलवार को दिल्ली उच्च न्यायालय से उस समय बड़ा झटका लगा, जब धन शोधन और भ्रष्टाचार से जुड़े आईएनएक्स मीडिया मामले में उनकी अग्रिम जमानत की अर्जी खारिज कर दी गई। न्यायाधीश सुनील गौर ने 25 जनवरी को इस मामले में सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित रख लिया था। उन्होंने मंगलवार को फैसला देते हुए चिदम्बरम की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया। याचिका खारिज होने के बाद उन पर गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है। देर शाम सीबीआई की टीम चिदंबरम के दिल्ली स्थित आवास पर पहुंची।


इस मामले पर सुनवाई के दौरान केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) दोनों ही जांच एजेंसियों ने चिदंबरम की जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि पूर्व केंद्रीय मंत्री जांच में सहयोग करने से बच रहे हैं। इसलिए उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ करना अनिवार्य है।

चिदम्बरम साढ़े तीन हजार करोड़ रुपए के एयरसेल मैक्सिस सौदे और आईएनएक्स मीडिया के 305 करोड़ रुपए संबंधी मामले में विभिन्न जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं। यह सौदे उस समय के हैं जब वह संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार में वित्त मंत्री थे और विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) के तहत इन्हें मंजूरी दी थी।

ईडी ने चिदम्बरम की जमानत का पुरजोर विरोध करते हुए दलील दी कि जिन कंपनियों को राशि हस्तांतरित की गई है वे सभी कंपनियां प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष रूप से चिदंबरम के पुत्र कार्ति चिदंबरम के अधिकार वाली हैं। जांच एजेंसी के पास यह मानने की एक वजह है कि आईएनएक्स मीडिया को एफआईपीबी से मंजूरी कार्ति चिदंबरम के दखल के बाद दी गई है। गौरतलब है कि उच्च न्यायालय ने पिछले साल 25 जुलाई को चिदम्बरम को दोनों ही मामलों में गिरफ्तारी से अंतरिम संरक्षण प्रदान किया था, जिसे समय-समय पर बढ़ाया गया था।

फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे चिदम्बरम
पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी चिदम्बरम ने फैसले के खिलाफ शीर्ष अदालत का रुख किया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने मुख्य न्यायाधीश की बेंच के समक्ष मामले का विशेष उल्लेख करना चाहा, लेकिन तब तक कोर्ट उठ चुकी थी। उसके बाद सुप्रीम कोर्ट के अधिकारी ने सिब्बल को संबंधित अपील रजिस्ट्रार (न्यायिक) के समक्ष रखने की सलाह दी, जो मुख्य न्यायाधीश की पीठ के समक्ष इसे रखे जाने के संबंध में निर्णय लेंगे। अब चिदम्बरम की याचिका का विशेष उल्लेख बुधवार को साढ़े 10 बजे कोर्ट संख्या-तीन के समक्ष किया जायेगा।